कक्षा आठ का छात्र विराज अंधेरे कमरे में सूरज की रोशनी पहुंचाने में जुटा

कानपुर,यूपी: कक्षा आठ का छात्र विराज अंधेरे कमरे में सूरज की रोशनी पहुंचाने में जुटे है।अंधेरे कमरे में सूरज की रोशनी पहुंचाने की आईडिया विराज के दिमाग में पिछले 4 सालों से चल रहा है। यह विराज के आत्मविश्वास, स्टार्टअप आइडिया व प्रस्तुतीकरण मंझे हुए आदमी की तरह लग रहा है जिसकी आइडिया ने सभी को अचंभित कर दिया है।
आईआईटी कानपुर में आयोजित की ई-समिट और अभिव्यक्ति में स्टार्टअप एक्सपोर्ट का भी आयोजन हुआ जिसमें देश के अलग-अलग हिस्सों से स्टार्टअप में हिस्सा लिया। जिसमें निम्बूलक्यू संस्थान भी आई। यह संस्था छात्रों में इनोवेशन को बढ़ावा देने के साथ स्टार्टअप के लिए तैयार करती है।
विराज के अनुसार जहां वह पढ़ाई करते थे उसे कमरे में सूरज की रोशनी नहीं पहुंच पाती थी जिसे देखकर समस्या को दूर करने का विचार मन में आया और रिफ्लेक्टर का प्रोटोटाइप विकसित किया। जिसे दीवारों पर लगाने पर इसकी मदद से सूरज की रोशनी कमरे में आएगी।



