ब्रेकिंग न्यूज़

विंध्य एक्सप्रेसवे के विरोध मे किसानों ने मुख्यमंत्री क़ो दिया ज्ञापन

चंदौली,यूपी: संयुक्त किसान मोर्चे के नेतृत्व मे स्थगित विंध्य एक्सप्रेसवे का किसानों ने फिर एक बार विरोध करना शुरू कर दिया है। बीते दिनों जिला प्रशासन ने वादा किया था कि एक सप्ताह के अंदर किसानों कि समस्यावो पर निर्णय लिया जाएगा. लेकिन प्रशासन की तरफ से लगभग दो महीना बीत जाने के बाद भी किसानों क़ो कोई सुचना नहीं दी गयी।मोर्चे के अध्यक्ष रामेश्वर सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन किसानों की समस्यावो क़ो लेकर मौन है। किसानों से वादा खिलाफी किया है।किसानों के पास अब शान्तिपुर्वक धरना प्रदर्शन के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा है. ज़ब तक किसानों की समस्या का समाधान नहीं हो जाता. विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा. इसी योजना के तहत 53 गावो मे पद यात्रा निकालकर विंध्य एक्सप्रेसवे का पुरजोर विरोध किया गया।

इस परियोजना मे जिले के लगभग 53 गांव के किसान बड़ी संख्या मे पीड़ित है. जिले मे 120 मीटर चौड़ी सड़क लगभग 35 किमी के दायरे मे निकल रही है. बड़ी संख्या मे किसान भूमिहीन हो रहे है. इसका सर्वे ड्रोन द्वारा किया गया है, इसमें जिला प्रशासन का सहयोग नहीं लिया गया है. इंलार्जमेंट मे त्रुटिया है. जिसक़ो लेकर यूपीडा की किसानों से वार्ता भी हुयी. यूपीडा ने माना की नए सिरे से विकल्प तलाशने की जरूरत है. जिसके लिए एक बोर्ड बनाकर दोबारा इंलार्जमेंट बनाने की जरूरत है।तो बोर्ड क्यों नहीं बनाया जा रहा। जबरजस्ती कथित तौर पर किसानों की जमीन हड़प कऱ बेदखली करने की कार्यवाही जिला प्रशासन क्यों कर रहा है.संघर्ष मोर्चा ने एलान किया कि किसान अपनी जान दे देंगे पर अपनी जमीन नहीं देंगे।ज़मीन का अधिग्रहण नहीं करने देंगे. दोबारा सरकार इस योजना पर पुनर्विचार करे. आज मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन एडीएम क़ो सौपा गया. ज्ञापन देते समय पचासों किसान क्रमशः किसान मोर्चा के अध्यक्ष रामेश्वर सिंह, अशोक सिंह रामनारायण यादव संतोष यादव आलोक सिंह विद्या विनय शंकर कुशवाहा चंद्रिका जोखन वीरेंद्र मास्टर गुरदयाल यादव बाबूलाल यादव शमशेर चौहान ,रामआश्रय, बीरेंद्र यादव,परमहंस आदि उपस्थित रहे।

Indians News

Editor in Chief

Indians News

Editor in Chief

Related Articles

Back to top button