‘मैं क्यों नहीं?’ के लोकार्पण में गूँजा आत्मविश्वास और संकल्प का संदेश

चंदौली,यूपी: अग्रवाल सेवा संस्थान में वरिष्ठ पत्रकार एवं लेखक डॉ. विनय कुमार वर्मा की प्रेरणादायी पुस्तक ‘मैं क्यों नहीं?’ का लोकार्पण समारोह एवं मोटिवेशनल कार्यक्रम उत्साहपूर्ण वातावरण में आयोजित हुआ। कार्यक्रम में शिक्षा, साहित्य, चिकित्सा, सामाजिक सेवा और व्यवसाय सहित विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिष्ठित विभूतियों ने सहभागिता की।
समारोह के मुख्य अतिथि काशी हिंदू विश्वविद्यालय के शारीरिक शिक्षा विभागाध्यक्ष प्रो. भुवन चंद्र कापड़ी रहे। उन्होंने एक के बाद एक प्रेरक कहानी सुना कर सभी को मोटिवेट किया आखिर में उन्होंने मैं क्यों नहीं पुस्तक से संदर्भित कई उदाहरण दिएl विशिष्ट अतिथि के रूप में काशी हिंदू विश्वविद्यालय के दृश्य कला संकाय की अधिष्ठाता प्रो. उत्तमा दीक्षित, रीवा (मध्य प्रदेश) से पधारीं डॉ. सरोज सोनी, पूर्व वरिष्ठ रेल राजभाषा अधिकारी दिनेश चंद्र तथा डेयरी उद्यमी दीपक शर्मा ‘बाबा’ उपस्थित रहे। अतिथियों ने अपने प्रेरक उद्बोधनों से श्रोताओं में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार किया।
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ अर्जित करने वाली विभूतियों के व्यक्तित्व, संघर्ष और सफलता की प्रेरक यात्राओं पर केंद्रित संवाद रहा। वक्ताओं ने कहा कि सफलता किसी विशेष व्यक्ति का अधिकार नहीं, बल्कि स्पष्ट लक्ष्य, सकारात्मक सोच, आत्मविश्वास और निरंतर परिश्रम का परिणाम है।
वक्ताओं ने पुस्तक के शीर्षक को प्रभावशाली जीवन-मंत्र बताते हुए कहा कि ‘मैं क्यों नहीं?’ केवल एक प्रश्न नहीं, बल्कि अपने भीतर छिपी क्षमताओं को पहचानने, विपरीत परिस्थितियों को चुनौती देने और सपनों को साकार करने का सकारात्मक संकल्प है। यह पुस्तक विशेष रूप से युवाओं को निराशा, भय और संकोच से बाहर निकलकर आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है।
पुस्तक के लेखक डॉ. विनय कुमार वर्मा ने इसकी रचना-यात्रा और लेखन के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति के भीतर असाधारण संभावनाएँ विद्यमान होती हैं, लेकिन कई बार भय, असफलता और आत्म-संशय उसे आगे बढ़ने से रोक देते हैं। यदि व्यक्ति स्वयं पर विश्वास करते हुए ‘मैं क्यों नहीं?’ के प्रश्न को दृढ़ संकल्प में परिवर्तित कर ले, तो सफलता की राह स्वयं खुलने लगती है।
कार्यक्रम का संचालन पूर्व प्राचार्य डॉ. अनिल यादव एवं प्रमोद अग्रहरि ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम के बीच-बीच में चेतना साहित्यिक मंच के अध्यक्ष ताहिर वारसी, मनीष शर्मा एवं विनोद श्रीवास्तव ने प्रेरक गीत प्रस्तुत कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
समारोह में उपस्थित अतिथियों, साहित्यकारों, शिक्षाविदों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने डॉ. वर्मा को पुस्तक के प्रकाशन की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने ‘मैं क्यों नहीं?’ को युवाओं में आत्मविश्वास जगाने तथा समाज में सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने वाला सार्थक और प्रेरणादायी प्रयास बताया।
इस अवसर पर डॉ. भारत भूषण यादव, संध्या यादव, अरुण आर्य, डॉ. वत्सला, गिरीश प्रसाद, संजय सर्राफ, मनोज आनंद, राजू विश्वकर्मा, कुमार नंदजी, वरिष्ठ अधिवक्ता रंजीत सिंह, दयाराम जायसवाल, प्रकाश चौरसिया, विकास गर्ग, डॉ. हाजी वसीम, डॉ. ओ.पी. सिंह, डॉ. मनोज सिंह एवं पारस चौरसिया सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।



